पीएम मोदी के इस दांव से बसपा हो जायेगी खत्‍म, लगी मुहर

लखनऊ। अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही समाजवादी पार्टी की मुखिया मायावती को रोकने के लिए भारतीय जनता पार्टी अब कोई कोर-कसर छोड़ना नहीं चाहती है। इसी कड़ी में सियासी गलियारों में इस समय यह बात तेजी से चल रही है कि मायावती को रोकने के लिए भारतीय जनता पार्टी उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को केंद्र में भेजकर मंत्री पद से नवाज सकती है।

इसके पीछे मुख्य वजह है मायावती को रोकना, सूत्रों की मानें तो मायावती फूलपुर उपचुनाव में उतर सकती हैं। हालांकि अभी तक बसपा या मायावती की तरफ से इसकी कोई घोषणा नहीं हुई है। लेकिन यह सीट बीएसपी के लिए काफी सुरक्षित मानी जा रही है।

इस सीट पर 1996 में यहां से पार्टी के संस्थापक कांशीराम चुनाव लड़ चुके हैं। उस दौरान सपा के जंग बहादुर पटेल ने उनको हरा जरूर दिया था लेकिन इस सीट पर अन्य पिछड़े वर्ग अल्पसंख्यक और दलित तबके की आबादी सबसे ज्यादा है।

मायावती के चुनाव लड़ने की स्थिति में कांग्रेस सपा और अन्य विपक्षी दल एकजुटता दिखाते हुए उनकी उम्मीदवारी का समर्थन कर सकते हैं। ऐसी हालत में कांग्रेस सपा और बसपा के गठजोड़ वाले संयुक्त वोट से BJP के प्रत्याशी को मुख्य मुकाबला करना होगा ऐसे में भाजपा के लिए यह काफी नाजुक दौड़ साबित हो सकता है।

सूत्रों की माने तो मंत्रिमंडल का विस्तार जल्द ही हो सकता है। इसलिए केशव प्रसाद मौर्य को केंद्र में मंत्री बनाया जा सकता है। यूपी में प्रचंड बहुमत से सत्ता में आई बीजेपी को सीएम योगी के मंत्रिमंडल में जातीय समीकरण साधने के लिए किसी अन्य OBC चेहरे को केशव मौर्य की जगह लाना होगा।

वहीं अगर हम लोगों की बात की जाए तो वर्तमान समय में उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी कानून व्यवस्था पर पूरी तरह से फेल है ऐसे में उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी को खासा नुकसान उठाना पड़ सकता है।

weebsly